सूरजपुर :- जिले के विकासखंड भैयाथान अंतर्गत ग्राम पंचायत बड़सरा मे बीते सोमवार को वन विभाग ने पतेरापारा मे स्थित लगभग 300 एकड़ आरक्षित वन भूमि पर अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलाया। करीब 30 सदस्यीय टीम ने मौके पर पहुंचकर टटिया (बाड़) से घेरे गए क्षेत्र से लगभग 15 टटिया हटाई और ग्रामीणों को स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाने की समझाइश दी। साथ ही चेतावनी दी गई कि अतिक्रमण नहीं हटाने पर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।
वन विभाग के अनुसार अभियान के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों को आरक्षित वन भूमि पर कब्जा या घेराबंदी नहीं करने के निर्देश दिए। अतिक्रमित हिस्से से टटिया हटाने के बाद दोबारा बाड़ नहीं लगाने की हिदायत भी दी गई। यह कार्रवाई वन मंडलाधिकारी के मार्गदर्शन एवं वन परिक्षेत्र अधिकारी के नेतृत्व में की गई।
विभागीय जानकारी के मुताबिक, वर्तमान में आरक्षित वन भूमि के 100 एकड़ से अधिक क्षेत्र पर कब्जा है। इस क्षेत्र में करीब छह मकान बनाए गए हैं, जबकि लगभग 20 एकड़ भूमि पर खेत तैयार कर धान की खेती की जा रही है। वन विभाग का दावा है कि इसी भूमि पर पूर्व में लगभग 40 हजार पौधों का रोपण किया गया था।
वन विभाग ने बताया कि मार्च 2026 में वन भूमि पर अतिक्रमण के आरोप में 11 ग्रामीणों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर न्यायालय में चालान प्रस्तुत किया जा चुका है। मामला वर्तमान में न्यायालय में लंबित है तथा न्यायालय के निर्णय के अनुसार आगे बेदखली एवं अन्य वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान में वन परिक्षेत्र अधिकारी उमेश वस्त्रकार, सूरजपुर उड़नदस्ता टीम तथा जिले के वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
वन परिक्षेत्र अधिकारी उमेश वस्त्रकार ने बताया की “वन मंडलाधिकारी के मार्गदर्शन में अतिक्रमण हटाने एवं समझाइश देने की कार्रवाई की गई है। संबंधित लोगों से कहा गया है कि वे स्वयं अतिक्रमण हटा लें, अन्यथा नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। 11 लोगों के विरुद्ध पूर्व में प्रकरण दर्ज कर न्यायालय में प्रस्तुत किया जा चुका है। न्यायालय के निर्णय के अनुरूप आगे की कार्रवाई की जाएगी।”